नई दिल्ली : शुंगलू कमेटी ने दिल्ली की अरविंद केजरीवाल सरकार को कठघरे में लाकर खड़ा कर दिया है. कमेटी ने अपनी एक रिपोर्ट में केजरीवाल सरकार से तीखे सवाल पूछे हैं. तीन सदस्यीय कमेटी ने सरकार के कामकाज से लेकर मंत्रियों की विदेश यात्रा को भी सवालों के घेरे में ले लिया है.
404 फाइलों की जांच के बाद शुंगलू कमेटी ने एक रिपोर्ट तैयार की है जिसमें केजरीवाल सरकार की ओर से की गई नियुक्तियों पर सवाल खड़े किए गए हैं. कमेटी ने दिल्ली के स्वास्थ्य मंत्री सत्येंद्र जैन की बेटी सौम्या जैन को मोहल्ला क्लीनिट के सलाहकार पद देने पर भी सवाल किए हैं. कमेटी ने पूछा है कि सौम्या की नियुक्ति पर किसने मुहर लगाई है, इसके कोई सबूत नहीं हैं.
इसके साथ ही मंत्री दफ्तर में की गई नियुक्तियां भी सवालों के घेरे में हैं. कमेटी ने रिपोर्ट में मंत्रियों के तौर तरीकों पर भी सवाल उठाए हैं. साथ ही यह भी कहा गया है कि बिना मंजूरी के ही मंत्रियों ने विदेश यात्रा की. आम आदमी पार्टी की नेता और दिल्ली महिला आयोग की अध्यक्ष स्वाति मालीवाल को बंगला देने पर भी सवाल खड़े किए गए हैं तो वहीं विधायक अखिलेश त्रिपाठी को टाइप 5 क्वार्टर देने पर भी कमेटी ने आपत्ति जताई है.
शुंगलू कमेटी की रिपोर्ट में कहा गया है कि केजरीवाल सरकार के पास जमीन आवंटन से जुड़ी शक्तियां नहीं हैं, इसके लिए मुख्यमंत्री को उपराज्यपाल से अनुमति लेनी चाहिए थी, फाइल भेजी जानी चाहिए थी, लेकिन ऐसा नहीं हुआ और केजरीवाल सरकार ने अपने अधिकार क्षेत्र से बाहर जाकर रेवड़ियां बांटीं.