PM Narendra Modi Photo on Railway Ticket: कुछ दिनों पहले ट्रेन की टिकट पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की फोटो छपे होने की खबर आई थी. इस पर विवाद होने के बाद वो टिकट बदल दिए गए और कहा गया कि वो आचार संहिता लागू होने से पहले के टिकट थे. एक बार फिर ऐसे ही टिकट सामने आए हैं जिनपर प्रधानमंत्री आवास योजना का प्रचार हो रहा है.
लखनऊ: पिछले दिनों ट्रेनों में चाय के कप पर मैं भी चौकीदार कैंपने चल रहा था जिसपर काफी हो हल्ला होने के बाद उसे हटाया गया था. अब ट्रेन की टिकट पर प्रधानमंत्री आवास योजना का प्रचार हो रहा है. जी हां, आचार संहिता लगने के बाद पहले चरण का मतदान भी पूरा हो चुका है लेकिन रेलवे के कुछ अधिकारियों की नींद अबतक नहीं खुली है. ये मामला हाथरस का है जहां ट्रेन टिकट पर सरकार की योजनाओं का जमकर प्रचार हो रहा था. मामला चुनाव आयोग पहुंचा और चुनाव आयोग ने तुरंत कार्रवाई करते हुए रेलवे के दो कर्मचारियों को सस्पेंड कर दिया और जांच बिठा दी.
मामले की जांच कर रहे एडीएम संदीप कुमार गुप्ता ने कहा कि ‘हम मामले की जांच के लिए रेलवे स्टेशन गए जहां जांच के दौरान हमने पाया कि रविवार को पीएम मोदी की तस्वीर वाली टिकट यात्रियों को बांटी गई थी. हमें बताया गया कि गलती से ऐसा हुआ कि पीएम की तस्वीर वाली टिकट बांटनी पड़ी. इस मामले में रेलवे के दो अधिकारियों संतोष कुमार और चित्रा कुमारी को सस्पेंड कर दिया गया है.’
उन्होंने कहा कि हमें कहा गया था कि 21 मार्च से पीएम मोदी की तस्वीर वाले रोल का इस्तेमाल नहीं करना है जबकि आचार संहिता 10 मार्च से ही लागू हो गई थी. ये मामला उस वक्त सामने आया जब शब्बीर रिजवी ने अपने रिश्तेदार के लिए गंगा-सतलुज ट्रेन की टिकट ली जिन्हें बाराबंकी से वाराणसी जाना था जो पीएम मोदी का संसदीय क्षेत्र भी है.
शब्बीर रिजवी के मुताबिक उन्होंने टिकट खरीदने के बाद देखा कि उसपर पीएम मोदी की फोटो और योजना लिखी है जो आचार संहिता का उल्लंघन है. बतौर शब्बीब रिजवी उन्होंने टिकट कांउटर पर मौजूद रेलवे कर्मचारी से कहा भी कि ये आचार संहिता का उल्लंघन है जिसे उन्होंने अनसुना कर दिया जिसके बाद उन्होंने मामले की शिकायत की और ये बात निकलकर सामने आई कि रविवार को धडल्ले से पीएम मोदी की तस्वीर वाली टिकट बेची गई.